उत्तर प्रदेश के गोंडा में खेत की रखवाली करने के दौरान अवैध रूप से खेत के किनारे दौड़े गए विद्युत तारों के चपेट में आने से 52 वर्षीय किसान की मौत हो गई। घटना की जानकारी से परिजनों में कोहराम मच गया।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक कौड़िया थाना क्षेत्र के कोटिया मदारा गांव के मोहन टेपरा भुंडरियन पुरवा के रहने वाले लालू पुत्र जगदीश गुरुवार की सुबह खेत के किनारे लगे हुए विद्युत तार के चपेट में आ गए जिससे उनकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। घटना की जानकारी से इलाका गमगीन हो गया, वहीं परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है।
जानिए कैसे हुआ हादसा
बताया जाता है कि लल्लू प्रतिदिन सुबह 5:00 खेतों की देखभाल करने के लिए घर से निकल जाते थे, इसी क्रम में गुरुवार की सुबह वह अपने खेत की रखवाली व देखभाल करने के लिए गए हुए थे, परिजनों का आरोप है कि खेत के बगल में दद्दू ने अपने खेतों की रखवाली के लिए खेत के किनारे विद्युत तार दौड़ा रखा है, खेत की रखवाली करने जाने के दौरान लालू का पैर अनजाने में बिजली के तार पर पड़ गया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
खोजने पर मिला शव
खेत से लौटकर लल्लू घर नहीं पहुंचे तो परिवार चिंतित हो गया, उन्होंने खोजबीन शुरू कर दी। ढूंढते हुए जब वह खेत पहुंचे तो, वहां का नजारा देखकर पैरों तले भूकंप आ गया। खेत में बिजली के तार के पास लालू का शव पड़ा हुआ था। जिसे परिजनों में चीख पुकार मच गया। यह बात ग्रामीणों में जंगल के आग की तरह फैल गई, महज कुछ ही देर में ग्रामीणों की भारी भीड़ इकट्ठा हो गई। खेत में अवैध रूप से दौड़े गए विद्युत तारों को लेकर ग्रामीणों ने नाराजगी जाहिर करते हुए मृतक किसान परिवार को ढांढस बंधाया।
जांच में जुटी पुलिस
घटना की जानकारी मिलते ही कौड़िया पुलिस मौके पर पहुंच गई, पंचायत नामा व जांच के बाद शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए रवाना कर दिया।
बोले थानाध्यक्ष
कौड़िया थाना प्रभारी जितेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है, मामले को लेकर कोई शिकायती पत्र नहीं मिला है।


