कमलेश
खमरिया खीरी। घाघरा नदी का जलस्तर बढ़ने से ईसानगर क्षेत्र के चकदहा गांव समेत आसपास के इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बनने लगे हैं। नदी का पानी गांव के निचले हिस्सों में पहुंचने के साथ ही अधिकांश घरों और सरकारी स्कूल परिसर में पानी भर गया है। इससे ग्रामीणों के सामने आवागमन के साथ-साथ बच्चों की पढ़ाई को लेकर भी संकट खड़ा हो गया है।
ग्रामीण मैकूलाल ने बताया कि घाघरा का जलस्तर लगातार बढ़ने से गांव के अधिकांश घरों में पानी घुस गया,वहीं सरकारी स्कूल भी पानी से घिर गया है। गांव के बाहर मुख्य रास्ते पर बनी एक पुलिया भी पानी के तेज बहाव के चलते कट गई है, जिससे ग्रामीणों का आवागमन बाधित हो गया है। लोगों को आने-जाने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। यही नही
ग्रामीणों का कहना है कि पानी बढ़ने के बावजूद अभी तक किसी भी सरकारी तंत्र ने गांव की सुध नहीं ली है। न तो जलभराव की स्थिति का जायजा लेने अधिकारी पहुंचे और न ही आवागमन बहाल करने के लिए कोई ठोस कदम उठाया गया है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लेने, कट चुकी पुलिया को दुरुस्त कराने तथा बाढ़ प्रभावित परिवारों और विद्यालय के लिए आवश्यक इंतजाम कराने की मांग की है। ग्रामीणों को आशंका है कि यदि घाघरा का जलस्तर और बढ़ा तो गांव में स्थिति और विकट हो सकती है।




