अखिलेश्वर तिवारी
जनपद बलरामपुर में विश्व रक्तदाता दिवस के अवसर पर रविवार को इंडियन रेड क्रॉस सोसायटी, जिला शाखा बलरामपुर, अमर उजाला फाउंडेशन तथा अटल बिहारी वाजपेयी स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय के रक्त केंद्र के संयुक्त तत्वावधान में स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य सुरक्षित रक्त की उपलब्धता सुनिश्चित करना तथा समाज में रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।
14 जून को आयोजित रक्तदान कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मुकेश कुमार रस्तोगी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. राज कुमार वर्मा एवं वरिष्ठ रक्तदाता आलोक अग्रवाल ने किया। वक्ताओं ने रक्तदान को मानवता की सबसे बड़ी सेवा बताते हुए सभी स्वस्थ नागरिकों से नियमित रक्तदान करने की अपील की। शिविर में कुल 26 लोगों ने पंजीकरण कराया, जिनमें से 22 यूनिट रक्त संग्रहित किया गया। स्वास्थ्य संबंधी कारणों से चार लोग रक्तदान नहीं कर सके। शिविर में युवाओं, महिलाओं एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। रेड क्रॉस सोसायटी के आजीवन सदस्य आलोक अग्रवाल ने 60 वर्ष की आयु पूर्ण करने के बाद अपना 40वां रक्तदान कर मिसाल पेश की। वहीं सामाजिक कार्यकर्ता हिमांशु मणि दीक्षित ने अपना 59वां स्वैच्छिक रक्तदान किया। उनकी धर्मपत्नी सीता दीक्षित ने दूसरा तथा उनके पुत्र एवं अंतरराष्ट्रीय पैरा एथलीट हर्षवर्धन मणि दीक्षित ने व्हीलचेयर पर अपना दूसरा रक्तदान कर लोगों को प्रेरित किया। एक ही परिवार के तीन सदस्यों द्वारा रक्तदान कार्यक्रम का विशेष आकर्षण रहा। अन्य प्रमुख रक्तदाताओं में वैभव त्रिपाठी (45वां), रवि गुप्ता (16वां) एवं आशीष अग्रवाल (21वां रक्तदान) शामिल रहे। कार्यक्रम की सफलता में डॉ. आकांक्षा शुक्ला, सी.पी. श्रीवास्तव, अशोक पांडेय, हिमांशु तिवारी, अंजली सिंह, सोनम तिवारी, अजीत श्रीवास्तव एवं अभिषेक सिंह सहित अनेक लोगों ने महत्वपूर्ण योगदान दिया। कार्यक्रम के अंत में सभी रक्तदाताओं को प्रशस्ति-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। आयोजकों ने सभी रक्तदाताओं, चिकित्सकों, स्वयंसेवकों एवं सहयोगी संस्थाओं का आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी ऐसे जनहितकारी कार्यक्रमों के आयोजन का संकल्प दोहराया। "रक्तदान महादान है, आपका एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद को नया जीवन दे सकता है।"